मौसम क्रिकेट ऑपरेशन सिंदूर क्रिकेट स्पोर्ट्स बॉलीवुड जॉब - एजुकेशन बिजनेस लाइफस्टाइल देश विदेश राशिफल लाइफ - साइंस आध्यात्मिक अन्य

दिव्यांग विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के लिए मिलेगा 50 लाख तक का शिक्षा ऋण

On: July 14, 2026 6:06 PM
Follow Us:

सिरसा, 14 जुलाई।
दिव्यांग विद्यार्थियों के सपनों को साकार करने के लिए सरकार ने उच्च शिक्षा से जोड़ने और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए शिक्षा ऋण योजना लागू की है। हरियाणा पिछड़ा वर्ग तथा आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग कल्याण निगम के माध्यम से पात्र दिव्यांग विद्यार्थियों को भारत और विदेश के शिक्षण संस्थानों में व्यावसायिक और तकनीकी शिक्षा प्राप्त करने के लिए 50 लाख रुपये तक का शिक्षा ऋण उपलब्ध कराया जाएगा। सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी दिव्यांग विद्यार्थी प्रवेश लेने के बाद अपनी पढ़ाई बीच में न छोड़े। वर्तमान समय में उच्च शिक्षा की मांग लगातार बढ़ रही है। सरकार की यह योजना ऐसे विद्यार्थियों को आर्थिक सहायता प्रदान कर उन्हें बेहतर शिक्षा, रोजगार और सम्मानजनक जीवन की ओर आगे बढ़ाने का प्रयास है। योजना का लाभ भारत के साथ-साथ विदेशों में अध्ययन करने वाले पात्र विद्यार्थियों को भी मिलेगा।

मतदाता सूची पुनरीक्षण का संशोधित कार्यक्रम जारी, 3 अक्टूबर को होगी अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित :-उपायुक्त सचिन गुप्ता

आवेदन के लिए यह है पात्रता
योजना का लाभ लेने के लिए आवेदक का हरियाणा का स्थायी निवासी होना अनिवार्य है। उसकी दिव्यांगता कम से कम 40 प्रतिशत होनी चाहिए। सामान्य श्रेणी के आवेदकों की आयु 18 से 55 वर्ष के बीच निर्धारित की गई है, जबकि मानसिक रूप से दिव्यांग व्यक्तियों के लिए न्यूनतम आयु 14 वर्ष रखी गई है। आवेदक के पास भारत या विदेश के किसी मान्यता प्राप्त व्यावसायिक अथवा तकनीकी पाठ्यक्रम में प्रवेश होना चाहिए। इसके अतिरिक्त परिवार पहचान पत्र अनिवार्य है। यदि शिक्षा ऋण की राशि 15 लाख रुपये या उससे अधिक है, तो भारत सरकार के दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग के तहत जारी यूडीआईडी पंजीकरण भी अनिवार्य रहेगा। यह भी स्पष्ट किया जाता है कि आवेदक की ऋण राशि के अनुसार उसके पास डेढ़ गुणा परिसंपत्ति भी होना आवश्यक है। योजना के तहत भारत और विदेश में उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए अधिकतम 50 लाख रुपये तक का शिक्षा ऋण उपलब्ध कराया जाएगा। इससे विद्यार्थियों को ट्यूशन फीस, शैक्षणिक खर्च और अध्ययन से जुड़े अन्य आवश्यक व्ययों की व्यवस्था करने में मदद मिलेगी।

रोटरी हिसार ने हरी भरी वसुंधरा समिति को भेंट किए 400 स्टील बर्तनों के सेट

आवेदन के लिए चाहिए ये आवश्यक दस्तावेज
आवेदन करते समय आवेदक को पहचान, नागरिकता एवं आयु का प्रमाण, आधार कार्ड, हरियाणा का अधिवास प्रमाण-पत्र, दिव्यांगता प्रमाण-पत्र, पासपोर्ट फोटो, परिवार पहचान पत्र, प्रवेश पत्र, कोर्स की अवधि का विवरण, संबंधित संस्थान की फीस संरचना तथा पिछली शैक्षणिक योग्यता के प्रमाण-पत्र जमा करने होंगे। निगम द्वारा समय-समय पर इस शिक्षा ऋण योजना के तहत आवेदन मांगे जाते हैं। योग्य आवेदकों को सलाह दी जाती है कि वे समय- समय पर विभाग की वेबसाइट https://hbews.org.in/ का विजिट करते हुए योजना संबंधित और अधिक जानकारी प्राप्त करते हुए निर्धारित आवेदन तिथि में अप्लाई करें।

डीसी वर्षा खांगवाल ने कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर अधिकारियों की बैठक में दिए जरूरी निर्देश

पिछड़ा वर्ग तथा आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग कल्याण निगम के जिला प्रबंधक धर्मेंद्र खोथ ने कहा कि यह योजना दिव्यांग को शिक्षा, कौशल और रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उच्च शिक्षा प्राप्त करने के बाद ये विद्यार्थी विभिन्न क्षेत्रों में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकेंगे और समाज की मुख्यधारा में अधिक प्रभावी भूमिका निभा पाएंगे। निगम की पात्र दिव्यांग विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों से अपील की है कि वे निर्धारित पात्रता शर्तों को पूरा करते हुए आवश्यक दस्तावेजों के साथ आवेदन करें और इस योजना का लाभ उठाएं।

रोहतकः लंदन में पढ रहे मदीना के रणवीर दांगी, लॉर्ड्स क्रिकेट मैदान पर यंग अचीवर्स अवार्डस से सम्मानित

Join WhatsApp

Join Now

Leave a Comment