रोहतक, 1 मई : उपायुक्त सचिन गुप्ता ने नागरिकों का आह्वान किया है कि वे डिजिटल जनगणना के लिए घर-घर जाने वाले प्रगणकों को सही जानकारी दें तथा उनका पूर्ण सहयोग करें। यह जानकारी केवल जनगणना के लिए एकत्रित की जा रही है, जिसके आंकड़ों के आधार पर देश की विकास योजनाएं निर्धारित होती है।
सचिन गुप्ता ने अपने संदेश में कहा है कि जिला में जनगणना कार्य के तहत 1 मई से घर-घर सर्वे का कार्य शुरू कर दिया गया है। पहले चरण में मकान सूचीकरण का कार्य किया जा रहा है, जिसमें प्रत्येक एन्यूमरेटर को लगभग 150 घरों की जिम्मेदारी सौंपी गई है। उन्होंने कहा कि नागरिक निसंकोच होकर प्रगणकों को वांछित जानकारी दें ताकि जनगणना में सही आंकड़े एकत्रित किये जा सकें। उन्होंने प्रगणकों को भी निर्देश दिये कि वे जनगणना के कार्य को गुणवत्ता पूर्वक संपन्न करें तथा वास्तविक आंकड़े एकत्रित करें।
उपायुक्त सचिन गुप्ता ने कहा है कि जनगणना के प्रथम चरण में घरों की मूलभूत जानकारी जैसे घर का प्रकार (कच्चा/पक्का), कमरों की संख्या, परिवार के सदस्यों की संख्या आदि एकत्रित की जा रही है। प्रथम चरण पूर्ण होने के उपरांत दूसरे चरण में नागरिकों की अन्य विस्तृत जानकारी ली जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि नागरिक जनगणना के बारे में किसी प्रकार की अफवाह पर ध्यान न दें। सरकार के निर्देशानुसार जनगणना में एकत्रित किये गए आंकड़े पूरी तरह गोपनीय रखें जायेंगे तथा जनगणना का एसआईआर अर्थात विशेष गहन पुनरीक्षण से कोई संंबंध नहीं है।
उपायुक्त सचिन गुप्ता ने अधिकारियों और एन्यूमरेटर से भी आह्वान किया कि वे पूरी जिम्मेदारी और ईमानदारी के साथ कार्य करें तथा डेटा संग्रहण में गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखें। साथ ही नागरिकों से अनुरोध किया कि गर्मी के मौसम को देखते हुए सर्वे टीमों को आवश्यक सहयोग प्रदान करें। उपायुक्त ने नागरिकों से अपील की कि जब सर्वे टीम उनके घर पहुंचे तो वे पूरा सहयोग करें। उन्होंने कहा कि यह प्रक्रिया जनगणना का महत्वपूर्ण हिस्सा है, जिसके आधार पर भविष्य की विकास योजनाएं तैयार की जाती हैं।





